PustakdhamVinod Kumar Shukla
विनोद कुमार शुक्ल
विनोद कुमार शुक्ल भारतीय हिंदी साहित्य के अत्यंत सम्मानित और विशिष्ट रचनाकारों में शामिल हैं। उनका जन्म 1937 में हुआ। कविता और कथा दोनों क्षेत्रों में उन्होंने ऐसी विशिष्ट भाषा और शैली विकसित की, जिसमें आश्चर्य, संवेदना, कल्पना और सामाजिक सरोकार एक साथ दिखाई देते हैं। उनकी रचनाएँ अनेक भाषाओं में अनूदित हो चुकी हैं और उनका प्रभाव रंगमंच तथा सिनेमा तक भी पहुँचा है। उनके प्रकाशित साहित्य में नौ कविता-संग्रह, पाँच कहानी-संग्रह और छह उपन्यास शामिल हैं। उन्हें ज्ञानपीठ पुरस्कार, साहित्य अकादेमी पुरस्कार (‘दीवार में एक खिड़की रहती थी’), रघुवीर सहाय स्मृति पुरस्कार, रज़ा पुरस्कार, शिखर सम्मान और दयावती मोदी कवि शेखर सम्मान सहित अनेक सम्मान मिले हैं। वर्ष 2023 में उन्हें PEN/Nabokov Award से सम्मानित किया गया।
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